BharatVarshiya™
BharatVarshiya™

@BharatVarshiya_

9 تغريدة 780 قراءة May 15, 2022
भाषासु मुख्या मधुरा दिव्या गीर्वाणभारती
तस्यां हि काव्यं मधुरं तस्मादपि सुभाषितम्
भाषाओं में सर्वाधिक मधुर भाषा गीर्वाणभारती अर्थात सभी भाषाओं की जननी देवभाषा संस्कृत है।सर्वाधिक मधुर काव्य संस्कृत भाषा में रचित हैं जो सुभाषित भी हैं।
संस्कृत के चमत्कार के कुछ उदाहरण-
क:खगीघाङ्चिच्छौजाझाञ्ज्ञोSटौठीडढण:
तथोदधीन पफर्बाभीर्मयोSरिल्वाशिषां सह॥
अद्भुत है न? संस्कृत वर्णमाला के सभी 33 व्यंजन इस पद्य में आ जाते हैं व उनका क्रम भी यथायोग्य है।
किरातार्जुनीयम् काव्य संग्रह में केवल "न"  व्यंजन से अद्भुत श्लोक बनाया है और अद्भुत कौशल्य प्रयोग करके भारवि नामक महाकवि ने कुछ अद्वितीय रचना की है:-
न नोननुन्नो नुन्नोनो नाना नाना नना ननु।
नुन्नोSनुन्नो ननुन्नेनो नानेना नन्नुनन्नुनुत्॥
माघ कवि ने शिशुपालवधम् महाकाव्य में केवल "भ" और "र " दो ही अक्षरों से एक श्लोक बनाया है-
भूरिभिर्भारिभिर्भीभीराभूभारैरभिरेभिरे।
भेरीरेभिभिरभ्राभैरूभीरूभिरिभैरिभा:॥
कुछ अन्य चमत्कार देखें..
33 वर्णों में से मात्र 3 वर्ण के सहारे पूरा श्लोक रच दिया गया। वे तीन वर्ण हैं द, न, व।
देवानां नन्दनो देवो नोदनो वेदनिंदिनां
दिवं दुदाव नादेन दाने दानवनंदिनः॥
महाकवि दंडी द्वारा रचित उक्त काव्य एक अनुपम उदाहरण है
एक अन्य पद्य, जहाँ मात्र द वर्ण का प्रयोग हुआ है-
दाददो दुददुददादी दाददो दूददीददो:
दुद्यादं दददे दुदै दादाददददोsदद: ॥
महाकवि माघ द्वारा रचित शिशुपाल वध से उधृत।
जजौजोजाजिजिज्जाजी
तं ततोऽतितताततुत् ।
भाभोऽभीभाभिभूभाभू-
रारारिररिरीररः॥
महाकवि माघ रचित शिशुपाल वध से लिया हुआ उपरोक्त अंश की विशेषता यह है कि इसके चारों चरण में अलग अलग एकवर्णीय हैं ।
अगा गाङ्गागाङ्गकाकाकगाहकाघककाकहा
अहाहाङ्क खगाङ्कागकङ्कागखगकाकक।
काव्य की भाषा मे स्थान चित्र का अर्थ है जहां केवल एक व्यंजन समूह का प्रयोग करके या किसी व्यंजन समूह को छोड़ कर के श्लोक लिखा जाय, प्रस्तुत श्लोक केवल कण्ठवय समूह के वर्ण को प्रयोग करके लिखा गया है।
हमारे वेद पुराण काव्य सब देववाणी के चमत्कार से भरे हैं व अनेक उदाहरण संस्कृत की समृद्धिशीलता का बखान करते हैं। संस्कृत भाषा सुसमृद्ध व वैज्ञानिक है। आज आवश्यकता है इसके प्रचार प्रसार व संरक्षण के साथ इसे यथोचित सम्मान देने की🙏
(साभार-श्री सुरेश चौधरी)

جاري تحميل الاقتراحات...